June 13, 2026

“ऑपरेशन अंकुश” का बड़ा धमाका : ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क का टेक मास्टरमाइंड गिरफ्तार

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⚡ 5 सेकेंड पहले मैच अपडेट देने वाली हाईटेक वेबसाइट बनाकर सटोरियों को पहुंचाता था फायदा, रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई

रायगढ़। ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क पर लगातार शिकंजा कस रही रायगढ़ पुलिस को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। “ऑपरेशन अंकुश” के तहत साइबर थाना रायगढ़ की टीम ने एक ऐसे सॉफ्टवेयर इंजीनियर को गिरफ्तार किया है, जो क्रिकेट सट्टेबाजों को हाईटेक सट्टा आईडी उपलब्ध कराने के साथ उन्हें तकनीकी सहायता भी देता था। आरोपी ने ऐसा विशेष प्लेटफॉर्म तैयार किया था, जिसमें लाइव क्रिकेट मैच का अपडेट टीवी प्रसारण से लगभग 5 सेकेंड पहले दिखाई देता था, जिससे सटोरियों को बॉल-टू-बॉल सट्टेबाजी में भारी बढ़त मिलती थी।

🎯 न्यू शंकरनगर में साइबर टीम की दबिश, भागते आरोपी को दबोचा

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी एवं नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क के विरुद्ध लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान साइबर थाना रायगढ़ को सूचना मिली कि न्यू शंकरनगर क्षेत्र में एक युवक अपने घर से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा के लिए आईडी बनाकर बेच रहा है।

सूचना मिलते ही साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक विजय चेलक के नेतृत्व में टीम ने न्यू शंकरनगर स्थित मकान में दबिश दी। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगा, लेकिन घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया गया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम आदर्श कुमार केशरी (28 वर्ष) निवासी न्यू शंकरनगर, थाना कोतरारोड, जिला रायगढ़ बताया।

💻 दिल्ली-नोएडा से जुड़ा था हाईटेक सट्टा सिंडिकेट

जांच में सामने आया कि आरोपी बी.टेक इंजीनियर है और दिल्ली की एक आईटी कंपनी में कार्यरत है। वर्ष 2025 में उसकी मुलाकात रायपुर और बिहार के कुछ युवकों से हुई, जो नोएडा की आईटी कंपनियों में काम करते थे। इसके बाद वह “Winbigpro” नामक ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा नेटवर्क से जुड़ गया और तकनीकी संचालन संभालने लगा। इसके बदले उसे 20 प्रतिशत कमीशन मिलता था।

आरोपी और उसके साथियों ने क्रिकेट मैच प्रसारण में होने वाले तकनीकी विलंब का फायदा उठाते हुए ऐसी वेबसाइट विकसित की, जिसमें मैच की जानकारी सामान्य टीवी प्रसारण से लगभग पांच सेकेंड पहले दिखाई देती थी। इसी तकनीक का इस्तेमाल कर सट्टेबाज बॉल-टू-बॉल सट्टे में अनुचित लाभ कमाते थे।

🌐 देशभर में फैला था नेटवर्क, बदलते थे वेबसाइट और आईडी

पुलिस पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि गिरोह द्वारा विभिन्न क्रिकेट सट्टा वेबसाइटों की तर्ज पर नए प्लेटफॉर्म तैयार किए जाते थे। रायपुर, भिलाई, बिलासपुर समेत कई महानगरों के सटोरियों को ऑनलाइन आईडी उपलब्ध कराई जाती थी। पुलिस से बचने के लिए वेबसाइट का नाम, यूजर आईडी और पासवर्ड लगातार बदले जाते थे। गिरोह में सोशल मीडिया प्रचार, आईडी बिक्री और वेबसाइट डेवलपमेंट के लिए अलग-अलग टीम बनाई गई थी।

📱 दो महंगे मोबाइल जब्त, आईटी एक्ट में मामला दर्ज

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक Samsung S-23 और एक OnePlus मोबाइल फोन जब्त किया है। आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 4 एवं 7 तथा आईटी एक्ट की धारा 66(D) के तहत अपराध दर्ज कर गिरफ्तार किया गया है। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है, जबकि मामले में आगे की विवेचना जारी है।

👮 इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका

इस कार्रवाई में निरीक्षक विजय चेलक के नेतृत्व में सहायक उप निरीक्षक नंदकुमार सारथी, ज्योत्सना शर्मा, प्रधान आरक्षक रूपराम पटेल, दुर्गेश सिंह तथा आरक्षक रविन्द्र गुप्ता, विकास प्रधान एवं मनोज पटनायक की विशेष भूमिका रही।

🗣️ एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश

«“ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा से संचालित अवैध जुआ नेटवर्क पर रायगढ़ पुलिस की लगातार निगरानी है। तकनीकी विशेषज्ञता का दुरुपयोग कर अपराध को बढ़ावा देने वालों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।”»