September 23, 2026

रेत माफियाओं पर वन विभाग का बड़ा प्रहार!

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जंगल में बने गुप्त रास्ते से चल रहा था रेत का काला कारोबार, 12 ट्रैक्टर जब्त

रायगढ़/घरघोड़ा। जिले में अवैध रेत तस्करी के खिलाफ वन विभाग ने अब तक की बड़ी कार्रवाई करते हुए 12 रेत से लदे ट्रैक्टर जब्त किए हैं। बताया जा रहा है कि बैहामुडा के पास कुरकुट नदी से लंबे समय से अवैध रेत उत्खनन कर जंगल के भीतर बनाए गए गुप्त रास्ते से तस्करी की जा रही थी। सूचना मिलने पर वन विभाग ने योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर पूरे गिरोह की कमर तोड़ दी।

सूत्रों के अनुसार, रेत माफियाओं ने मुख्य सड़क और जांच चौकियों से बचने के लिए घने जंगल के बीच एक सीक्रेट रूट तैयार कर रखा था। इसी रास्ते से प्रतिदिन ट्रैक्टरों के जरिए रेत की अवैध निकासी हो रही थी। वन विभाग ने विशेष अभियान चलाकर मौके पर दबिश दी और बिना अनुमति तथा बिना परिवहन पास के रेत ले जा रहे 12 ट्रैक्टरों को जब्त कर लिया।

कार्रवाई के दौरान वन अमले को देखकर कई तस्कर मौके से भाग निकले, लेकिन विभाग ने सभी ट्रैक्टरों को अपने कब्जे में लेकर घरघोड़ा वन परिक्षेत्र कार्यालय पहुंचा दिया। जब्त वाहनों के दस्तावेजों की जांच की जा रही है तथा पूरे नेटवर्क की पड़ताल शुरू कर दी गई है।

वनमंडलाधिकारी अरविंद पी. एम. के निर्देशन, उप वनमंडलाधिकारी आशुतोष मांडवा के मार्गदर्शन और वनपरीक्षेत्र अधिकारी विक्रांत कुमार के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई के बाद जिले के रेत माफियाओं में हड़कंप मच गया है।

वन विभाग ने भारतीय वन अधिनियम के तहत वन अपराध प्रकरण दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध खनन, रेत तस्करी और वन संपदा को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ आगे भी लगातार अभियान जारी रहेगा तथा दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

मुख्य बातें

✅ कुरकुट नदी से हो रहा था अवैध रेत उत्खनन।

✅ जंगल के बीच बनाया गया था गुप्त तस्करी मार्ग।

✅ वन विभाग ने 12 रेत से भरे ट्रैक्टर किए जब्त।

✅ वन अपराध दर्ज, तस्करों की पहचान शुरू।

✅ अवैध खनन के खिलाफ अभियान रहेगा लगातार जारी।

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