May 30, 2026

“घरघोड़ी का ऐतिहासिक संकल्प: पुलिस की सख्ती और जनता की जागरूकता से नशे पर निर्णायक प्रहार”

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रायगढ़। जिले के घरघोड़ा थाना क्षेत्र का ग्राम घरघोड़ी आज नशा मुक्ति की एक जीवंत मिसाल बनकर उभरा है, जहां पुलिस की ठोस कार्रवाई और ग्रामीणों की एकजुटता ने मिलकर सामाजिक बदलाव की नई कहानी लिख दी है।

थाना प्रभारी निरीक्षक कुमार गौरव साहू के नेतृत्व में हाल ही में अवैध महुआ शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए शराब भट्ठियों को ध्वस्त किया गया और भारी मात्रा में अवैध शराब जब्त की गई। इस सख्ती के साथ-साथ जागरूकता अभियान ने गांव की तस्वीर बदलनी शुरू कर दी।

कार्रवाई के बाद पंचायत, महिला समिति और ग्रामीणों के साथ बैठकों का दौर चला, जिसमें गांव को नशा मुक्त बनाने का सामूहिक संकल्प लिया गया। इसका असर अब साफ दिखाई दे रहा है—ग्रामीण खुद मुनादी कर अवैध गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं और पुलिस के साथ मिलकर अभियान को सफल बना रहे हैं।

“ऑपरेशन आघात” के तहत जहां एक ओर लगातार कार्रवाई हो रही है, वहीं दूसरी ओर जनजागरण से लोगों की सोच में बदलाव लाया जा रहा है। जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीणों को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराया जा रहा है और उन्हें इससे दूर रहने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।

कार्यक्रम में साइबर अपराध से बचाव, महिला सुरक्षा और सड़क सुरक्षा जैसे विषयों पर भी महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। “हेलो सिस्टर” हेल्पलाइन (9479270533) के जरिए महिलाओं को सुरक्षा सहायता उपलब्ध कराने की जानकारी दी गई, जबकि बीट आरक्षक प्रणाली से गांव-गांव पुलिस की निगरानी मजबूत की जा रही है।

इस पहल में सरपंच हराकुंवर राठिया, उपसरपंच उद्धव प्रसाद डनसेना, डीडीसी सदस्य मुरलीधर राठिया सहित पंचायत प्रतिनिधि, महिला समिति और बड़ी संख्या में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी रही।

👉 एसएसपी शशि मोहन सिंह का संदेश
“नशा मुक्त समाज का निर्माण केवल कानून से नहीं, बल्कि जनभागीदारी से संभव है। पुलिस अपनी कार्रवाई जारी रखेगी, लेकिन स्थायी परिवर्तन के लिए समाज का साथ जरूरी है।”

निष्कर्ष:
ग्राम घरघोड़ी ने यह सिद्ध कर दिया है कि जब प्रशासन और जनता एक मंच पर आ जाएं, तो किसी भी सामाजिक बुराई को जड़ से खत्म किया जा सकता है। यह पहल अब अन्य गांवों के लिए प्रेरणास्रोत बन रही है।