July 16, 2026

रायगढ़ की 150 बेटियों के भविष्य को मिलेगी नई उड़ान! अदाणी पावर CSR से ₹1.75 करोड़ का बड़ा निवेश, आईटी और सॉफ्टवेयर प्रशिक्षण की शुरुआत

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रायगढ़। जिले की आदिवासी एवं ग्रामीण अंचल की बेटियों के लिए तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी पहल शुरू हुई है। जिला प्रशासन रायगढ़ और अदाणी पावर लिमिटेड के संयुक्त प्रयास से 150 आदिवासी एवं वंचित वर्ग की बालिकाओं को अत्याधुनिक आईटी एवं सॉफ्टवेयर कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए कंपनी अपने कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) के तहत 5 वर्षों में कुल ₹1.75 करोड़ खर्च करेगी।

इस संबंध में जिला प्रशासन और अदाणी पावर के बीच समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। पहले वर्ष के लिए ₹35 लाख की राशि स्वीकृत की गई है, जिससे प्रशिक्षण ले रही छात्राओं के आवास, भोजन और प्रशिक्षण की संपूर्ण व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।

प्रशिक्षण नव गुरुकुल, KIT कॉलेज, गढ़उमरिया में संचालित होगा, जहां छात्राओं को आधुनिक आईटी, सॉफ्टवेयर और रोजगारोन्मुखी तकनीकी कौशल सिखाए जाएंगे। इस योजना का उद्देश्य आदिवासी और ग्रामीण क्षेत्र की बेटियों को डिजिटल रूप से सक्षम बनाकर उन्हें निजी एवं तकनीकी क्षेत्रों में रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।

जिला प्रशासन के अनुरोध पर अदाणी पावर ने इस कार्यक्रम को दीर्घकालिक समर्थन देने का निर्णय लिया है। अगले पांच वर्षों तक हर वर्ष ₹35 लाख की सहायता प्रदान की जाएगी, जिससे यह पहल जिले में महिला शिक्षा और कौशल विकास का एक महत्वपूर्ण मॉडल बन सकती है।

योजना की मुख्य बातें

– 150 आदिवासी एवं ग्रामीण बालिकाओं को उन्नत आईटी एवं सॉफ्टवेयर प्रशिक्षण।
– आवासीय सुविधा के साथ भोजन एवं प्रशिक्षण की समग्र व्यवस्था।
– रोजगारोन्मुखी तकनीकी कौशल पर विशेष फोकस।
– 5 वर्षों तक ₹1.75 करोड़ का CSR सहयोग।
– डिजिटल सशक्तिकरण के माध्यम से आत्मनिर्भर और रोजगार के लिए तैयार होंगी छात्राएं।

अदाणी पावर लिमिटेड के प्रतिनिधि ने कहा कि कंपनी शिक्षा और कौशल विकास के माध्यम से युवाओं को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। यह पहल छात्राओं को आत्मविश्वास, तकनीकी दक्षता और उज्ज्वल भविष्य की दिशा में आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि रायगढ़ की आदिवासी बेटियों को डिजिटल युग की मुख्यधारा से जोड़ते हुए उन्हें सम्मानजनक रोजगार और आत्मनिर्भर जीवन की दिशा में मजबूत आधार प्रदान करेगी।