August 29, 2026

फरियादी पर पुलिसिया बर्बरता के आरोप से भड़का कंवर समाज, SP से मिला प्रतिनिधिमंडल

IMG-20260818-WA0009.jpg

छाल पुलिस पर गंभीर आरोप, वीडियो क्लिप दिखाकर कार्रवाई की मांग; खरसिया SDOP को सौंपी गई जांच

घरघोड़ा। छाल क्षेत्र के ग्राम डोंगाभौना में जागरसाय राठिया की ट्रक से कुचलकर हुई मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है। मृतक प्रकरण के फरियादी संतोष राठिया के साथ कथित पुलिस बर्बरता को लेकर चंद्रवंशी कंवर समाज अब खुलकर मैदान में उतर आया है। समाज के प्रतिनिधिमंडल ने अध्यक्ष लक्ष्मीप्रसाद राठिया और जनपद अध्यक्ष सहनू राम पैंकरा के नेतृत्व में रायगढ़ पुलिस अधीक्षक शशिमोहन सिंह से मुलाकात कर पूरे मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की।

🔥 SP के सामने वीडियो क्लिप, पुलिस पर गंभीर आरोप

समाज के वरिष्ठ कन्हैया सिंह राठिया ने पुलिस अधीक्षक को कथित पुलिस बर्बरता का वीडियो क्लिप भी दिखाया। उन्होंने छाल पुलिस के शंभुनाथ पांडे और थाना प्रभारी के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की मांग रखी।

प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि फरियादी के साथ जिस तरह का व्यवहार किया गया, वह बेहद गंभीर है और इसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है।

⚠️ जनपद अध्यक्ष की दो टूक—“जरूरत पड़ी तो बड़ा आंदोलन”

जनपद अध्यक्ष सहनू राम पैंकरा ने पुलिस की कथित गुंडागर्दी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए आंदोलन का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज इस मुद्दे पर एकजुट होकर संघर्ष करेगा।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो कंवर समाज बड़ा आंदोलन करेगा। समाज की ओर से आगामी आंदोलन को प्रभावी बनाने के लिए जनपद क्षेत्रवार प्रभारी और सह-प्रभारी भी नियुक्त किए गए हैं।

🕵️‍♂️ SP ने खरसिया SDOP को सौंपी जांच

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक रायगढ़ ने खरसिया SDOP को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। प्रतिनिधिमंडल को SP ने आश्वस्त किया कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और वीडियो सहित उपलब्ध साक्ष्यों की सत्यता की पुष्टि के बाद नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।

अब निगाहें खरसिया SDOP की जांच पर टिकी हैं। वीडियो में क्या है, फरियादी के साथ वास्तव में क्या हुआ और पुलिसकर्मियों पर लगाए गए आरोप कितने सही हैं—इन सवालों का जवाब जांच रिपोर्ट से सामने आएगा।

कंवर समाज की चेतावनी और पुलिस अधीक्षक द्वारा जांच के आदेश के बाद यह मामला अब महज शिकायत नहीं, बल्कि क्षेत्र में बढ़ते सामाजिक आक्रोश का बड़ा मुद्दा बनता नजर आ रहा है।