August 29, 2026

ऑपरेशन अंकुश का जंगल में बड़ा धावा: नहर किनारे सजा था लाखों का जुआ फड़, 8 जुआरी दबोचे

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भालूपखना जंगल में पुलिस की अचानक घेराबंदी से मचा हड़कंप, ₹11,400 नगद के साथ 3 बाइक, 3 मोबाइल और ताश की गड्डी जब्त

रायगढ़। शहर और गांवों में जुआ-सट्टे के ठिकानों पर शिकंजा कसने के बाद अब रायगढ़ पुलिस की नजर जंगल और सुनसान इलाकों में सक्रिय जुआरियों पर भी है। इसी कड़ी में ‘ऑपरेशन अंकुश’ के तहत लैलूंगा और रैरुमाखुर्द पुलिस ने भालूपखना जंगल में बड़ी कार्रवाई करते हुए जुआ खेल रहे 8 लोगों को रंगेहाथ पकड़ लिया।

मुखबिर की सूचना पर पुलिस को पता चला था कि भालूपखना जंगल में नहर किनारे जुए का फड़ सजाया गया है और कई लोग 52 पत्ती ताश से दांव लगा रहे हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन, एडिशनल एसपी अनिल सोनी एवं एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में पुलिस टीम ने तत्काल रणनीति तैयार की।

🔥 जंगल में घेराबंदी, फड़ पर पुलिस का धावा

चौकी प्रभारी रैरुमाखुर्द उप निरीक्षक इगेश्वर यादव के नेतृत्व में थाना लैलूंगा और चौकी रैरुमाखुर्द की संयुक्त टीम ने भालूपखना जंगल में दबिश दी। पुलिस टीम ने नहर किनारे जुआ खेल रहे लोगों को चारों तरफ से घेर लिया और मौके से आठ जुआरियों को पकड़ लिया।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने जुआ फड़ और आरोपियों के कब्जे से:

₹11,400 नगद

52 पत्ती ताश

3 मोटरसाइकिल

3 मोबाइल फोन

1 लाल रंग की छींटदार दरी

बरामद कर जब्त की।

🚨 कौन-कौन पकड़ा गया..

पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में देवराज अग्रवाल (50), निवासी पत्थलगांव; नितई राम केंवट (72), निवासी राजपुर; रामजीवन राठिया (40), निवासी रैरुमाखुर्द; कुंवर सिंह अगरिया (70), निवासी सिसरिंगा; सुखीराम चकधारी (52), निवासी रैरुमाखुर्द सुकबासुपारा; भोजकुमार यादव (लगभग 33-37 वर्ष), निवासी चरखापारा; झनकराम कंवर (52), निवासी राजपुर वार्ड क्रमांक-08 लैलूंगा तथा तुलाराम साहू (51), निवासी चरखापारा, चौकी रैरुमाखुर्द शामिल हैं।

सभी आरोपियों को मौके से पकड़कर चौकी रैरुमाखुर्द लाया गया और जब्त सामान को गवाहों के समक्ष विधिवत जब्त किया गया।

⚖️ जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत कार्रवाई

पुलिस ने मामले में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 3(2) के तहत कार्रवाई की है। पुलिस अब ऐसे अन्य लोगों की भी जानकारी जुटा रही है जो जंगल में जुआ फड़ संचालित करने या उसे संरक्षण देने में भूमिका निभा सकते हैं।

👮 इन पुलिसकर्मियों ने संभाला मोर्चा

पूरी कार्रवाई में चौकी प्रभारी उप निरीक्षक इगेश्वर यादव, प्रशिक्षु उप निरीक्षक प्रीतम बघेल, प्रधान आरक्षक सोमेश गोस्वामी, प्रधान आरक्षक राम रतन भगत, प्रधान आरक्षक भेनासियुस खेस्स, आरक्षक भेखलाल सिदार, आरक्षक आशीष तिग्गा, आरक्षक प्रमोद भगत, आरक्षक अमल तिग्गा एवं आरक्षक संत पटेल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

🎯 एसएसपी का दो टूक संदेश—जंगल भी नहीं सुरक्षित ठिकाना

एसएसपी शशि मोहन सिंह ने स्पष्ट किया कि जुआ-सट्टा जैसी सामाजिक बुराइयों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस का अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों के साथ जंगल और सुनसान क्षेत्रों में जुआ खेलने वालों पर भी कार्रवाई होगी। जुआ खिलाने, फड़ संचालित करने और संरक्षण देने वालों को भी पुलिस के शिकंजे का सामना करना पड़ेगा।

ऑपरेशन अंकुश के तहत हुई इस कार्रवाई ने साफ कर दिया है कि जुआरियों के लिए अब जंगल की आड़ भी सुरक्षित ठिकाना नहीं रही।